क्या छत्तीसगढ़ की सियासत में युवा शक्ति का नया भूचाल आने वाला है? कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi के बहुचर्चित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर छत्तीसगढ़ में हलचल तेज हो गई है। अगर तैयारियां समय पर पूरी हुईं, तो राजधानी रायपुर या बिलासपुर में राहुल गांधी का यह मेगा इवेंट तय माना जा रहा है। जानिए कैसे पीसीसी प्रभारी सुखदेव भगत और एनएसयूआई अध्यक्ष नीरज पाण्डेय के बीच हुई इस खास मुलाकात ने राजनीतिक पारा बढ़ा दिया है, और क्यों यह कार्यक्रम छात्रों की राजनीति की पूरी तस्वीर बदल सकता है, पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें!
कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi पूरे देश के युवाओं और छात्रों से सीधा संवाद स्थापित करने के लिए ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम का संचालन कर रहे हैं। इसी कड़ी में अब यह महत्वपूर्ण कार्यक्रम छत्तीसगढ़ में भी आयोजित किए जाने की तैयारी शुरू हो गई है। हाल ही में छत्तीसगढ़ दौरे पर आए प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के नए प्रभारी सुखदेव भगत ने एनएसयूआई को इसकी रूपरेखा तैयार करने के कड़े निर्देश दिए हैं।
एनएसयूआई अध्यक्ष को मिले खास निर्देश
एनएसयूआई के प्रदेश अध्यक्ष नीरज पाण्डेय के अनुसार, जब सुखदेव भगत अपने पहले छत्तीसगढ़ दौरे पर आए थे, तब फ्रंटल संगठनों के प्रमुखों के साथ उनकी औपचारिक बैठक हुई थी। उसी मुलाकात के दौरान सुखदेव भगत ने छत्तीसगढ़ में राहुल गांधी के इस कार्यक्रम को आयोजित करने की इच्छा जताई थी। उन्होंने एनएसयूआई को निर्देश दिए हैं कि वे अधिक से अधिक छात्रों को इस अभियान से जोड़ें और रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को तुरंत गति दें।
रायपुर या बिलासपुर में हो सकता है आयोजन
प्राप्त जानकारियों के अनुसार, यदि तैयारियां तय समय सीमा के भीतर पूरी हो जाती हैं, तो इस भव्य कार्यक्रम का आयोजन छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर या न्यायधानी बिलासपुर में से किसी एक जगह किया जा सकता है। इस कार्यक्रम के जरिए राहुल गांधी सीधे छत्तीसगढ़ के युवाओं के बीच पहुंचकर उनकी समस्याओं, आकांक्षाओं और भविष्य के मुद्दों पर चर्चा कर सकते हैं।
