CG News Times

Chhattisgarh Sugarcane Price 2026: गन्ना किसानों की बल्ले-बल्ले! छत्तीसगढ़ सरकार ने बढ़ाया खरीदी मूल्य, बोनस का भी मिलेगा लाभ

Chhattisgarh Sugarcane Price 2026: छत्तीसगढ़ के गन्ना उत्पादक किसानों के लिए दिवाली से पहले बड़ी खुशखबरी सामने आई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा फैसला लेते हुए गन्ने का खरीदी मूल्य बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। इतना ही नहीं, किसानों को बोनस का लाभ भी दिया जा रहा है। सरकार के इस फैसले से गन्ना उत्पादक किसानों में खुशी का माहौल है।

सूरजपुर जिले के माँ महामाया शक्कर कारखाना, केरता में गुरुवार को आयोजित आभार एवं कृषक चौपाल कार्यक्रम में कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने किसानों को बोनस राशि वितरित की। इस दौरान गन्ने का खरीदी मूल्य बढ़ाने के फैसले के लिए किसानों ने राज्य सरकार का आभार जताया।

अब गन्ना किसानों को मिलेगा 425 रुपये प्रति क्विंटल

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि किसान देश की अर्थव्यवस्था और खाद्य सुरक्षा की मजबूत नींव हैं। किसानों की मेहनत से ही देश की खाद्यान्न जरूरतें पूरी होती हैं। उन्होंने कहा कि किसानों की खुशहाली और आर्थिक समृद्धि राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

मंत्री ने कहा कि सरकार लगातार किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने के लिए प्रयास कर रही है। गन्ने का खरीदी मूल्य बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल करना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

किसानों को बोनस का भी मिलेगा लाभ

सूरजपुर के माँ महामाया शक्कर कारखाना केरता में आयोजित कृषक चौपाल के दौरान कृषि मंत्री ने गन्ना उत्पादक किसानों को बोनस राशि वितरित की। उन्होंने कहा कि सरगुजा अंचल के किसानों की जरूरतों और मांग को ध्यान में रखते हुए शक्कर कारखाने की स्थापना की पहल की गई थी।

इसका मुख्य उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाना और क्षेत्र में कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा देना था। अब सरकार की कोशिश है कि कारखाने को और विकसित किया जाए, ताकि वैल्यू एडिशन के माध्यम से इसकी आर्थिक संभावनाओं को बढ़ाया जा सके।

धान की जगह दलहन-तिलहन उगाने पर मिलेंगे 15 हजार रुपये

कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने किसानों से धान की खेती के साथ-साथ दलहन और तिलहन जैसी वैकल्पिक फसलों को अपनाने की अपील की। उन्होंने बताया कि धान के स्थान पर इन वैकल्पिक फसलों की खेती को प्रोत्साहित करने के लिए निर्धारित प्रावधानों के तहत किसानों को 15 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि फसल विविधीकरण से खेती को ज्यादा लाभकारी बनाया जा सकता है। इससे किसानों की आमदनी बढ़ाने के साथ-साथ पानी और कृषि संसाधनों का बेहतर उपयोग भी संभव होगा।

जैविक और प्राकृतिक खेती अपनाने की अपील

कृषि मंत्री ने किसानों को आधुनिक और टिकाऊ कृषि पद्धतियां अपनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक तकनीक और कृषि विशेषज्ञों के मार्गदर्शन से कम पानी और संतुलित उर्वरक के उपयोग के बावजूद बेहतर उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है।

उन्होंने रासायनिक कीटनाशकों के अत्यधिक इस्तेमाल से स्वास्थ्य और पर्यावरण पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों का जिक्र करते हुए किसानों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती की ओर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

शक्कर कारखाने की उत्पादन क्षमता बढ़ाने पर जोर

कार्यक्रम में प्रतापपुर विधायक शकुंतला पोर्ते ने गन्ना खरीदी मूल्य में वृद्धि के फैसले के लिए राज्य सरकार का आभार जताया। उन्होंने कहा कि माँ महामाया शक्कर कारखाने की स्थापना से लेकर इसके विकास तक किसानों के हितों को प्राथमिकता दी गई है।

वहीं, सूरजपुर कलेक्टर रेना जमील ने कहा कि रिवॉल्विंग फंड की घोषणा से गन्ना उत्पादक किसानों में नया उत्साह देखने को मिल रहा है। आगामी कार्ययोजना के तहत कारखाने की रिकवरी दर बढ़ाने और गन्ने की खेती का रकबा विस्तार करने के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे।

इससे शक्कर कारखाने की उत्पादन क्षमता बढ़ने के साथ किसानों को भी अधिक आर्थिक लाभ मिल सकेगा।

किसानों की समस्याएं भी सुनीं

कृषक चौपाल में बड़ी संख्या में गन्ना उत्पादक किसानों ने हिस्सा लिया। इस दौरान किसानों ने अपनी समस्याएं, अनुभव और सुझाव कृषि मंत्री के सामने रखे। मंत्री ने उनकी बातों को गंभीरता से सुनते हुए कृषि क्षेत्र के विकास और किसानों की सुविधाओं का विस्तार करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष चंद्रमणि पैकरा, अपर कलेक्टर नयनतारा सिंह तोमर, एसडीएम रमेश मोर, कृषि अधिकारी सम्पदा पैकरा सहित जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।

कुल मिलाकर, छत्तीसगढ़ सरकार के इस फैसले से गन्ना उत्पादक किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है। गन्ने का खरीदी मूल्य 425 रुपये प्रति क्विंटल होने और बोनस वितरण के साथ ही वैकल्पिक फसलों पर 15 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि किसानों के लिए अहम साबित हो सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *