सलधा चातुर्मास्य स्थल पर आयोजित गरिमामय समारोह में ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु Shankaracharya Avimukteshwaranand सरस्वती जी महाराज के पावन कर-कमलों से पुस्तक का लोकार्पण हुआ।
Gen Z को जड़ों से जोड़ने की पहल
सलधा। सलधा चातुर्मास्य स्थल पर एक दिव्य और गरिमामय समारोह का आयोजन किया गया, जहां आधुनिक पीढ़ी यानी Gen Z को अपनी सांस्कृतिक विरासत, सनातन मूल्यों और आध्यात्मिक जड़ों से जोड़ने के उद्देश्य से तैयार की गई पुस्तक ‘जड़ों से जुड़ें Gen Z’ का भव्य लोकार्पण किया गया। पुस्तक का लोकार्पण परमपूज्य ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंदः सरस्वती जी महाराज के पावन कर-कमलों द्वारा संपन्न हुआ।
संस्कृति और आधुनिक पीढ़ी के बीच सेतु बनाने का प्रयास
‘जड़ों से जुड़ें Gen Z’ पुस्तक को आधुनिक समय की युवा पीढ़ी को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य युवाओं को उनकी सांस्कृतिक विरासत, सनातन परंपराओं, मूल्यों और आध्यात्मिक जड़ों से परिचित कराना और उन्हें अपनी परंपराओं से जोड़ना है। पुस्तक को इसी दिशा में एक ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायी प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
इस पुस्तक का प्रकाशन ज्योतिर्मठ प्रकाशन सेवालय द्वारा किया गया है। पुस्तक के माध्यम से आधुनिक सोच और बदलते सामाजिक परिवेश के बीच युवाओं को अपनी सांस्कृतिक पहचान और मूल्यों से जुड़े रहने की प्रेरणा देने का प्रयास किया गया है।
शंकराचार्य जी का मिला पावन सानिध्य
पुस्तक लोकार्पण समारोह में परमपूज्य शंकराचार्य जी का पावन सानिध्य प्राप्त हुआ। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने पुस्तक को युवा पीढ़ी के लिए महत्वपूर्ण और उपयोगी बताया। उपस्थित अतिथियों एवं संतों ने कहा कि वर्तमान समय में जब युवा तेजी से बदलती जीवनशैली और आधुनिक तकनीक से जुड़ रहे हैं, ऐसे में अपनी संस्कृति और मूल्यों से उनका जुड़ाव बनाए रखना बेहद महत्वपूर्ण है।
समारोह में साध्वी पूर्णाम्बा, रत्ना देवी, आनंद उपाध्याय, अनुराग शर्मा और राहुल केसरी सहित अनेक गणमान्य जन, साधक और श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने पुस्तक की सराहना करते हुए इसे युवा पीढ़ी को सही दिशा में मार्गदर्शन देने वाली उपयोगी रचना बताया।
स्वामी ज्योतिर्मयानन्द जी ने किया मंच संचालन
पूरे कार्यक्रम का मंच संचालन स्वामी ज्योतिर्मयानन्द जी द्वारा किया गया। समारोह में मौजूद साधकों और श्रद्धालुओं ने पुस्तक के लोकार्पण को महत्वपूर्ण अवसर बताया। ‘जड़ों से जुड़ें Gen Z’ के जरिए नई पीढ़ी तक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक मूल्यों को सरल एवं प्रभावी तरीके से पहुंचाने की कोशिश की गई है।
