CG Weather Update: बारिश थमते ही बढ़ने लगा तापमान
CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में बारिश की गतिविधियां कम होते ही एक बार फिर तापमान बढ़ने लगा है। प्रदेश के कई इलाकों में लोग उमस और गर्मी से परेशान हैं। पिछले 24 घंटे के दौरान प्रदेश में बारिश की गतिविधि लगभग शून्य रही। हालांकि मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल सकता है।
मौसम विभाग ने 9 सितंबर को प्रदेश के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना जताई है। इस दौरान गरज-चमक के साथ छींटे भी पड़ सकते हैं। वहीं 10 सितंबर से प्रदेश में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने के आसार हैं। खास तौर पर 12 सितंबर से दक्षिणी छत्तीसगढ़ यानी बस्तर क्षेत्र में मौसम ज्यादा सक्रिय हो सकता है।
12 सितंबर से बस्तर में भारी बारिश के आसार
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक 12 सितंबर से प्रदेश के दक्षिणी हिस्से में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। बस्तर क्षेत्र में मध्यम से भारी वर्षा होने की संभावना है। वहीं एक-दो स्थानों पर भारी से अति भारी वर्षा भी हो सकती है।
ऐसे में आने वाले दिनों में बस्तर संभाग के लोगों को मौसम को लेकर सतर्क रहने की जरूरत हो सकती है। फिलहाल प्रदेश के दूसरे हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना जताई गई है, जिससे तापमान में कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
मंगलवार को कहां कितना रहा तापमान?
प्रदेश में मंगलवार को एक-दो स्थानों पर बहुत हल्की से हल्की वर्षा दर्ज की गई। वहीं तापमान की बात करें तो राजनांदगांव में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 34.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
इसके अलावा पेण्ड्रा रोड और दुर्ग में सबसे कम न्यूनतम तापमान 21.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश की गतिविधि कम होने के कारण कई इलाकों में दिन के तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।
रायपुर में भी गर्मी से लोग परेशान
राजधानी रायपुर में भी तापमान बढ़ने के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। बुधवार सुबह राजधानी में धूप खिली हुई है। हालांकि मौसम विभाग ने आज रायपुर में बूंदाबांदी की संभावना जताई है।
रायपुर में आज अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है, जबकि न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। ऐसे में दिन में गर्मी और उमस के बीच लोगों को कुछ इलाकों में बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम में बदलाव के पीछे क्या है वजह?
मौसम विभाग के अनुसार मध्य उत्तर प्रदेश के ऊपर एक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है, जो करीब 3.1 किलोमीटर की ऊंचाई तक विस्तारित है।
इसके अलावा मानसून द्रोणिका माध्य समुद्र तल पर फिरोजपुर, मुजफ्फरपुर, बस्ती, डेहरी और दीघा होते हुए दक्षिण-पूर्व दिशा में उत्तर-पूर्व बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है। उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश और उसके आसपास एक पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय है।
वहीं पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे लगे तटीय उत्तर आंध्र प्रदेश के ऊपर भी ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है, जो करीब 7.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक विस्तारित है।
11 सितंबर को बन सकता है निम्न दबाव का क्षेत्र
मौसम विभाग के अनुसार 11 सितंबर को पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे लगे उत्तर आंध्र प्रदेश तट तथा दक्षिण ओडिशा तट के ऊपर एक निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है।
इस सिस्टम के बनने के बाद मौसम की गतिविधियों में और बदलाव देखने को मिल सकता है। यही वजह है कि 10 सितंबर से बारिश की रफ्तार बढ़ने और 12 सितंबर से बस्तर क्षेत्र में भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
कब मिलेगी गर्मी और उमस से राहत?
फिलहाल बारिश की गतिविधि कमजोर रहने से प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान बढ़ा है और उमस लोगों को परेशान कर रही है। 9 सितंबर को कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, लेकिन 10 सितंबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ने के आसार हैं।
वहीं 12 सितंबर से दक्षिणी छत्तीसगढ़ में बारिश का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है। ऐसे में अगले कुछ दिनों में प्रदेश के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलने की संभावना है। फिलहाल लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखने और बारिश के दौरान जरूरी सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
