CG News Times

Bastar Dussehra में फूल रथ का पहिया निकला, फिर पुलिस और ग्रामीणों के बीच क्यों हुई झड़प?

Bastar Dussehra 2026: छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा की फूल रथ परिक्रमा के दौरान एक बार फिर तनाव की स्थिति बन गई। बीती रात रथ की अंतिम परिक्रमा के दौरान फूल रथ का पहिया निकल गया। इसके बाद सुरक्षा को लेकर पुलिस और रथ खींचने वाले ग्रामीणों के बीच विवाद हो गया। ग्रामीण रथ को पारंपरिक तरीके से खींचने पर अड़े रहे, जबकि पुलिस ने संभावित हादसे को रोकने के लिए जेसीबी और क्रेन की मदद से परिक्रमा पूरी कराने पर जोर दिया।

स्थिति बिगड़ने पर बस्तर सांसद महेश कश्यप ने हस्तक्षेप किया और ग्रामीणों व पुलिस के बीच सहमति बनाने की कोशिश की। इसके बाद जेसीबी और क्रेन की मदद से फूल रथ की परिक्रमा संपन्न कराई गई।

रथ का पहिया निकलने के बाद भी खींचने पर अड़े रहे ग्रामीण

जानकारी के अनुसार, फूल रथ की अंतिम परिक्रमा के दौरान रथ का पहिया निकल गया था। इसके बाद पहिया दोबारा लगाया गया, लेकिन हादसे की आशंका को देखते हुए पुलिस ने रथ को खींचने के लिए मशीनों का इस्तेमाल करने की बात कही।

मिताली चौक के पास स्टॉपर लगाए जाने के बाद भी कुछ ग्रामीण रथ को खींचने पर अड़े रहे। दशहरा समिति के पदाधिकारियों ने भी उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन विवाद बढ़ गया। इसी दौरान ग्रामीणों और पुलिस के बीच झड़प की स्थिति बन गई।

बताया गया कि कुछ ग्रामीणों ने उग्र होकर एक पुलिस अधिकारी पर हाथ उठा दिया। इसके बाद पुलिस ने उन्हें पीछे हटाने की कोशिश की। माहौल बिगड़ता देख सांसद महेश कश्यप ने हस्तक्षेप किया। समझाइश के बाद ग्रामीण पुलिस की बात मानने को तैयार हुए और रथ की परिक्रमा सुरक्षित तरीके से पूरी कराई गई।

CSP सुमित कुमार ने क्या बताया?

घटना को लेकर सीएसपी सुमित कुमार ने बताया कि फूल रथ की परिक्रमा के दौरान रथ का पहिया टूट गया था, जिसे जेसीबी की मदद से लगाया गया। उन्होंने कहा कि खतरे को देखते हुए रथ की परिक्रमा के लिए जेसीबी लगाने की जरूरत थी, लेकिन ग्रामीण पारंपरिक तरीके से रथ खींचने पर अड़े रहे। इसी वजह से विवाद की स्थिति बनी।

सीएसपी के मुताबिक, बस्तर सांसद के हस्तक्षेप के बाद ग्रामीण पुलिस की बात से सहमत हुए और फिर फूल रथ की परिक्रमा संपन्न कराई गई।

दो दिन पहले भी रथ परिक्रमा के दौरान हुआ था हादसा

बस्तर दशहरा में फूल रथ की परिक्रमा के दौरान यह विवाद ऐसे समय सामने आया है, जब दो दिन पहले भी रथ की आवाजाही को लेकर हादसा हुआ था।

जानकारी के अनुसार, सिरहा सार चौक से गोल बाजार चौक तक होने वाली फूल रथ परिक्रमा के दौरान रथ को पावर हाउस चौक की ओर ले जाया जाने लगा। इस दौरान दो स्कूटी रथ की चपेट में आ गईं। आरोप है कि रथ की रस्सी स्कूटी से बांधकर खींचने की कोशिश भी की गई।

इसी दौरान रथ बिजली के खंभे से टकरा गया। खंभा गिरने से करीब आधा दर्जन लोग इसकी चपेट में आ गए और घायलों को उपचार की जरूरत पड़ी। पुलिस-प्रशासन की समझाइश के बाद किसी तरह उस दिन भी रथ परिक्रमा पूरी कराई गई थी।

बस्तर दशहरा की परंपरा और सुरक्षा के बीच संतुलन की चुनौती

बस्तर दशहरा अपनी विशिष्ट परंपराओं और रथ परिक्रमा के लिए प्रसिद्ध है। इस आयोजन में बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और श्रद्धालु भाग लेते हैं। ऐसे में परंपरा को निभाने के साथ लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण है।

फूल रथ का पहिया निकलने और पहले हुए हादसे के बाद पुलिस ने मशीनों की मदद से परिक्रमा कराने पर जोर दिया। वहीं, ग्रामीण पारंपरिक तरीके से रथ खींचना चाहते थे। इसी अंतर के कारण विवाद की स्थिति बनी।

फिलहाल, सांसद के हस्तक्षेप और पुलिस की समझाइश के बाद फूल रथ की परिक्रमा पूरी कराई गई। लगातार सामने आई घटनाओं ने बस्तर दशहरा के दौरान रथ संचालन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *