कवर्धा। कबीरधाम पुलिस द्वारा चलाए जा रहे साइबर जागृति अभियान के तहत 17वीं वाहिनी छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल, सरेखा और पी.जी. कॉलेज में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं, अधिकारियों, जवानों और कर्मचारियों को साइबर अपराध से बचने और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने की जानकारी दी गई।
कबीरधाम पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार यादव के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित पटेल के मार्गदर्शन में जिले में 15 अगस्त से 2 अक्टूबर 2026 तक साइबर जागृति अभियान चलाया जा रहा है।

OTP, UPI और फर्जी लिंक से होने वाली ठगी के बारे में बताया

साइबर थाना कवर्धा द्वारा 17वीं वाहिनी सरेखा के सहयोग से वाहिनी मुख्यालय में साइबर जागृति कार्यशाला आयोजित की गई। साइबर विशेषज्ञ टीम ने अधिकारी और जवानों को OTP/UPI फ्रॉड, फर्जी बैंक कॉल, KYC अपडेट के नाम पर ठगी, फर्जी लिंक, सोशल मीडिया फ्रॉड, ऑनलाइन नौकरी और निवेश के नाम पर होने वाली धोखाधड़ी के बारे में जानकारी दी।
कार्यशाला में बताया गया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, UPI PIN, ATM PIN, CVV, पासवर्ड या बैंक से जुड़ी गोपनीय जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए। साथ ही अनजान या संदिग्ध लिंक और APK फाइल पर क्लिक करने से बचने की सलाह दी गई।
साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत

पुलिस ने साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी। इसके अलावा Cybercrime.gov.in के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया के बारे में भी बताया गया।
ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से 800 लोग हुए शामिल
कार्यशाला में 17वीं वाहिनी के अधिकारी-कर्मचारियों के साथ सुदूर क्षेत्रों में तैनात कंपनियों के अधिकारी और कर्मचारी ऑनलाइन माध्यम से जुड़े। मुख्यालय के अधिकारी और कर्मचारी ऑफलाइन माध्यम से कार्यशाला में शामिल हुए। कुल 800 लोगों ने कार्यशाला का लाभ लिया।
कार्यशाला में सेनानी 17वीं वाहिनी कमलेश्वर प्रसाद चंदेल, उप सेनानी प्रमोद गुप्ता, सहायक सेनानी मोनिका सिंह परिहार, सहायक सेनानी बद्रीनाथ मिश्रा और सहायक सेनानी शैलेन्द्र कुमार सेन सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
पुलिस ने सभी जवानों और कर्मचारियों से अपील की कि वे स्वयं साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहें और अपने परिवार तथा आसपास के लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करें।
कार्यशाला में साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक उमाशंकर राठौर, सहायक उपनिरीक्षक चंद्रकांत तिवारी, आरक्षक मनीष कुमार और आरक्षक शिवम मंडावी की सराहनीय भूमिका रही।
